Tuesday, May 19, 2009

गर्मियों में घर को ठंडा रखें

जैसे-जैसे गर्मी बढ़ती जा रही है, वैसे-वैसे घर को शीतल रखने की आपकी चिंता भी बढ़ रही होगी। आइए आपको इसके कुछ सरल उपाय बताएं।

घर के अंदर घुसनेवाली गर्मी का 50 प्रतिशत से अधिक गर्मी छत के माध्यम से आती है। इसलिए छत के ऊपर खाली बोरे फैलाकर उन पर पानी छिड़कते रहने से घर के भीतर आनेवाली गर्मी को कम किया जा सकता है। इसके दो फायदे हैं। पानी के वाष्पीकरण से घर ठंडा होगा, और दूसरे, बोरों के कारण छत धूप के सीधे आघात से बची रहेगी। यदि गर्मियों में आप छत का अधिक उपयोग नहीं करते हों तो उसकी फर्श और दीवारों पर चूना लगवा दें। इससे छत सफेद हो जाएगी और वह सूर्य किरणों को परावर्तित कर देगी।

आधुनिक भवनों में खिड़की-दरवाजों के लिए कांच का उपयोग बढ़ता जा रहा है। वास्तव में ये घर को गरम करने में सहायक होते हैं। ईंट की दीवारों की तुलना में कांच की सतहों से 20 गुना अधिक गर्मी घर के अंदर घुसती है। आजकल के घरों में आने वाली कुल गरमी का आधा उनके कांचवाले हिस्सों से आता है। इसलिए मकान बनाते समय ही कांचवाले हिस्सों को सीमित करने और उन्हें सही स्थानों पर लगाने की ओर विशेष ध्यान दें। कांचवाले हिस्से मकान के उत्तर और दक्षिण भागों में ही होने चाहिए जहां सीधी धूप नहीं लगती। पूर्व और पश्चिम दिशा की दीवारों पर कम से कम खिड़की-दरवाजे रखें। यदि इन दिशाओं में खिड़िकी-दरवाजे रखने हों, तो उनमें कांच का कम से कम प्रयोग करें।

खिड़कियों के माध्यम से धूप और गर्मी घर के अंदर न आए, इसके लिए भी आप अनेक उपाय कर सकते हैं। थोड़ा अधिक खर्च करके आप खिड़कियों में कांच की दुहरी परत लगवा सकते हैं। इससे बहुत कम गर्मी घर के अंदर आएगी और रोशनी की कमी भी नहीं होगी। सर्दियों में इस तरह की खिड़कियां घर की गर्मी को बाहर बहने नहीं देतीं। आजकल रोशनी को परावर्तित करनेवाला विशेष प्रकार का कांच बाजार में उपलब्ध है। अपने घर की खिड़कियों में इस तरह का कांच लगवाएं। इससे धूप की लगभग 80 प्रतिशत गरमी घर के बाहर रखी जा सकेगी।

खिड़कियों पर मोटे कपड़े के पर्दे टांग देने से भी लाभ मिल सकता है। ये पर्दे गहरे रंगों के महीन बुनावटवाले, भारी, अपारदर्शी कपड़ों के हों। पर्दों में अस्तर लगाने से पर्दे गर्मी रोकने में अधिक सफल होंगे। ये पर्दे चारों और से खिड़कियों के बाहर निकले रहने चाहिए ताकि खिड़कियों के किनारों से गर्मी कमरे में घुस न सके। पर्दों के अलावा खिड़कियों के बाहर खस-खस की टट्टियां लटकाने और उन्हें नम रखने से भी घर की शीतलता बढ़ेगी और साथ ही घर सुवासित रहेगा।

यदि आपके घर पर बहुत अधिक धूप लगती हो, तो घर के चारों ओर पेड़ लगाने पर विचार करें। पेड़ों का चुनाव करते समय इस बात का अवश्य ध्यान रखें कि आप गर्मियों की तेज हवाओं से बचने के लिए पेड़ लगाना चाहते हैं या छाया के लिए।

कुछ अन्य सरल उपायों से भी आप गर्मी से निजात पा सकते हैं। दिन में गर्मी बढ़ने से पहले घर के खिड़की-दरवाजे बंद करके उनके पर्दे आदि खींच दें। इससे बाहर की गरम हवा घर के अंदर नहीं घुस पाएगी। चूंकि गरम हवा ऊपर उठती है, यदि आपके घर में वेंटिलेटर (रोशनदान) हों, तो उन्हें दिन में खुला छोड़ दें। इसी प्रकार रात की ठंडी हवा को घर में लाने के लिए शाम होते ही खिड़की दरवाजे खोल दीजिए। यदि आपका मकान ईंट का बना हो, तो यह विधि आधिक कारगर साबित होगी, क्योंकि ईंट की दीवारें रात की ठंडक को अपने भीतर समाए रहती हैं। रसोईघर, गुसलखाने आदि में लगे एक्सहोस्ट पंखे का उपयोग घर के भीतर की गरम हवा को बाहर फेंकने के लिए किया जा सकता है। शाम के वक्त खिड़की दरवाजे खोलकर एक्सहोस्ट पंखों को कुछ देर के लिए चला दें।

शुष्क मौसम में पानी वाले कूलर, जिन्हें डेसर्ट कूलर कहा जाता है, पंखों से अधिक ठंडक देंगे और वे वातानुकूलकों से सस्ते भी रहेंगे। घर के भीतर रहते समय आप किस तरह के कपड़े पहनते हैं, यह भी महत्वपूर्ण है। अधिक आराम के लिए हल्के रंगों के सूती वस्त्र पहनिए। ये कपड़े अधिक तंग न हों और कम-से-कम परतों वाले हों। कपड़ों के नीचे से हवा का बहाव संभव होना चाहिए। इस लिहाज से पुरुषों के लिए लुंगी और टी-शर्ट और स्त्रियों के लिए स्कर्ट या साड़ी सबसे आरामदायक वस्त्र हैं।

गर्मीयों में चाय-काफी जैसे गरम पेयों से दूर रहिए और ठंडी चीजें खाइए जैसे दही, नींबू पानी, आइसक्रीम, कुल्फी, शरबत, हरी सब्जियां, तरबूज, खरबूज, नारियल और अन्य मौसमी फल। पानी भी खूब पीते रहिए।

इन सब घरेलू नुस्खों को आजमाकर देखिए, इस बार की गर्मी आपके लिए निश्चय ही कम कष्टदायक साबित होगी।

3 Comments:

हर्षवर्धन said...

बढ़िया लेख। ठंडा-ठंडा कूल-कूल

Science Bloggers Association said...

Jaaankari ke liye aabhaar.

-Zakir Ali ‘Rajnish’
{ Secretary-TSALIIM & SBAI }

Udan Tashtari said...

गरमी के मौसम के लिए उम्दा जानकारी.

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